Safalta Shayari

watch_later Friday, 1 November 2019
comment 1 Comment

सूरज की तपिश और बेमौसम बरसात को हमने हंस कर झेला है,
मुसीबतों से भरे दलदल में हमने अपनी जिंदगी को धंस कर ठेला है,
यूँ ही नहीं कदम चूम रही है सफलता आज इस खुले आसमान तले
ज़माने भर के नामों को पीछे छोड़ा है तब जाकर हमारा नाम फैला है।

मिट जाता, बर्बाद हो जाता या बदनाम हो जाता मै,
सफलता की राहों पे गुमनाम हो जाता मैं,
शुक्रगुजार हूँ उस खुदा का जिसने हर कदम साथ दिया
कहाँ पहुँचता वरना इस मुकाम पर, इक मौत आम हो जाता मैं।

चमक रहा हूँ जो सूरज का की तरह तो सब हैरान हैं क्यों?
मेरी कामयाबी से सब इतना परेशान हैं क्यों?
हर रात टकराया हूँ मैं इक नई मुसीबत से नई सुबह के लिए
सबको दिखा हुनर मेरा लेकिन
किसी ने न पूछा की ये जख्मों के निशान हैं क्यों?

मिली जो मंजिल तो कारवां भी बड़ा लग रहा था,
वरना सफ़र में हर शख्स मुझे ठग रहा था,
यूँ ही नहीं पहुंचा हूँ आज मैं इस मुकाम पर
जब सो रहा था ये ‘जग’ तब मैं ‘जग’ रहा था।
जग1 = दुनिया, जगत
जग2 = जागना

कौन कहता है कि बुने हुए ख्वाब सच्चे नहीं होते,
मंजिलें उन्हीं को नहीं मिलती जिनके इरादे अच्छे नहीं होते,
रूखी-सूखी रोटी और धक्के तो बहुत खाए हैं जिंदगी में लेकिन
आज देख रहा हूँ कि सफलता के फल कभी कच्चे नहीं होते।

चमक रहा है सितारा आज ज़माने में मेरे नाम का
मिल गया हैं नतीजा मुझे मेरे काम का,
किसी चीज की जरूरत न रही मुझे
जबसे नशा चढ़ गया है मुझे सफलता के जाम का।

गिरा रही थी जिंदगी मुझे बार-बार अलग-अलग ठोकरों से,
बर्ताव कर रहा हो जैसे कोई मालिक अपने नौकरों से,
हिम्मत और हौसले को मैंने फिर भी अपनी बैसाखियाँ बनायीं
पहुँच गया सफलता की मंजिल पे

बिना लक्ष्य के जीने वाले इंसानों की जिंदगी कहाँ अमीर होती है,
जब मिल जाती है सफलता तो नाम ही सबसे बड़ी जागीर होती है।

किसी की तमन्ना थी तो किसी की उम्मीदें जुड़ी थीं,
मेरी सफलता के लिए मेरी मेहनत बहुत कड़ी थी,
पहुँच कर मुकाम पर जो मुद कर देखा मैंने तो पाया कि
मुझसे आगे निकलने को दुनिया तमाम खड़ी थी।

जो शतरंज की बिसात होती जिंदगी तो
मैं सिर्फ एक मोहरा ही बन कर रह जाता,
ये तो वो खाली किताब निकली जिसने
बादशाह बना दिया मुझको जो मैंने
खुद की किस्मत लिखनी शुरू की।

बीत गया है रास्ता की आज मैं अपने मुकाम पर हूँ,
सारे सफ़र सताती रही जिंदगी
थक चुका हूँ थोडा आज आराम पर हूँ।

मिल गयी है सफलता तो नजरिये बदले हैं
जो थे कल तक दुश्मन आज करीबी निकले हैं,
ना ही बदला हूँ मैं ना ही मेरे अंदाज बदले हैं,
ये तो बस शुरुआत थी अभी तो पड़ाव अगले हैं।

ख्वाब पूरे हो गए हैं मेरे कि आज चैन की नींद सोना चाहता हूँ,
बहुत देर से दूर था जिस आँचल से आज उसी माँ की गोद में सोना चाहता हूँ।

माना कि पहुँच गया हूँ सफलता की ऊँचाइयों पर आज मैं,
लेकिन लोगों के दिलों में उतरने का हुनर आज भी रखता हूँ।

मुझे तो खबर भी न थी की कौन-कौन साथ दौड़ रहा है मेरे
पहुंचा मंजिल पर तो पता चला की एक लम्बा कारवां मेरे पीछे था।

एक जमाना था जब मैं तलाशता था रास्ता आसमान तक जाने का
एक आज का दौर है की सारा आसमान मेरा है।

खोटा सिक्का जो समझते थे मुझे
आज मैं उनका ध्यान तोड़ आया हूँ,
जिंदगी की राहों में सफ़र लम्बा था मेरा
इसलिए क़दमों के निशान छोड़ आया हूँ।

कभी भी हौसला अपना नहीं तुम टूटने देना दामन आस का अपने कभी न छूटने देना,
होगा हासिल तुम्हें हर ख्वाब जो तुम देखते हो
सब्र का बाँध अपने तुम बस नहीं फूटने देना।

उठ कर गिरना, गिर कर उठना, जीवन का यह खेल,
पास हो गया जिसने सीखा बाकी हो गए फेल।

पहुँचते हैं वो मंजिल तक जो चलना जानते हैं चमकते हैं वही तारे जो जलना जानते हैं,
फतह करते हैं हर मंजिल वो अपने हौसलों से
ज़माने में जो गिरकर भी संभालना जानते हैं।

चीज ही न काम की तो पूछना क्या दाम का
हुनर है जिसका बोलता, मोहताज न वो नाम का।

तपिश फैले ज़माने में, लगा वो आग सीने में,
बिना मकसद बता मुझको, क्या रखा है जीने में
कभी मत छोड़ना जीवन में अपने राह मेहनत की
खिलाये पत्थरों पर फूल, वो ताकत है पसीने में।

जीवन गर ये तेरा है,
क्यों करे भरोसा गैरों पर,
दुनिया होगी तेरे क़दमों में,
तू खड़ा हो अपने पैरों पर।

ख्वाब कभी कोई जब दिल में पलता है आगे बढ़ने से ही तब वक़्त बदलता है,
करता है वही रौशन अपनी दुनिया को
चरागों की तरह अकसर हर रात जो जलता है।

बिन अँधेरा चमकता सितारा नहीं
होता कोई यहाँ पर बेचारा नहीं,
इस जहां में वही सच्चा इन्सान है
किसी हालात में भी जो हारा नहीं।

पाता है वही मंजिल, इसे विश्वास होता है
जीवन में नहीं अपने कभी हताश होता है,
दिखाता है हुनर अपना, ज़माने पर छा जाता है
उसी के नाम से ही तो जुड़ा इतिहास होता है।

घड़ी जब बीत जाती है, मेहनत रंग लाती है,
दूर होते सभी दुखड़े, सफलता संग आती है।

उड़ान भरी तो इतनी दूर निकल आया मैं,
न जाने इस मुकाम का मंजर क्या होगा?

घिर चुका था जब मुसीबतों के बीच
हौसला बढाया तो रुकावटों की ईमारत हिल ही गयी,
बहुत दूर नजर आ रही थी जो इक दिन
कदम बढाया तो आज मंजिल मिल ही गयी।

जिस सफ़र से होकर तू आज मुकाम पर पहुंचा है,
उसी सफ़र में आज कई दीवाने चल निकले हैं,
जानते नहीं नादान इन्हें जरूरत है इक जिद की
नन्हें कदमो से नापने आसमान चल निकले हैं।

मुस्कुराया है हर चेहरा
हर ओर ख़ुशी सी छाई है,
मेहनत से पायी सफलता की
तुम्हें दिल से बधाई है।

मुबारक हो तुमको जो
तुमने ये मुकाम पाया है,
ये फल ही है तुम्हारी मेहनत का
जो वक़्त तुम्हारा दौर लाया है।

आंधियां भी आयीं थी तूफ़ान भी आये थे,
मगर न जरा भी तुम्हारे कदम लडखडाये थे,
मिल रही है जो बधाई आज इतनी तादाद में
ये उसी का सिला है जो तुम वक़्त से टकराए थे।

अँधेरा चीर परेशानियों का
जो तुम खुशनुमा उजाले में आयी हो,
जिन्दगी की इस बड़ी सफलता पर
तुम्हें तहे-दिल से बधाई हो।

बधाई हो तुम्हें कि तुमने
खुद को साबित कर दिखाया है,
पार किया है हर इम्तिहान
फिर जाकर सफलता को पाया है।

परिश्रम के पसीने से जब
सफलता की फसल खिलती है,
तब किसी एक से नहीं
पूरे ज़माने से बधाइयां मिलती हैं।

इंसान वही है जिसका चुनौतियों से नाता है,
हर पल अपनी सफलता की ओर जो कदम बढ़ाता है,
यूँ ही नहीं करता ये जमाना उस की वाह-वाही
बधाई उसे तभी मिलती है जब वो वक़्त से जीत जाता है।

सिलसिला तुम्हारे साथ ये दिन रात चले
हर कदम पर सफलता की सौगात मिले,
मिले बधाईयाँ तुम्हें जमाने भर की
बस तुम्हें हमारी कमी का एहसास न मिले।

निकल आते हैं वो समस्याओं की गहराइयों से
जिनके हौसलों में गजब की जान होती है,
वही होते हैं असल में हर सफलता के काबिल
मिलने वाली बधाइयों से उनकी शान होती है।

गर्व है हमने कि तुमने पाकर सफलता
अपनी एक नयी पहचान बनायीं है,
खुद का रौब बढाया है और
हम सबकी शान बढ़ाई है।

इसी तरह बढ़ते रहो सफलता की ओर आगे
हर मंजिल को तुम आसानी से पार करो,
हमारी दुवाएं भी सदा संग रहेंगी तुम्हारे
इसी बात पर हमारी बधाई स्वीकार करो।

तुम्हारी इस कामयाबी से हमें तुम पर नाज है,
इस बात की बधाई हो तुम्हें
कि तुम्हारे सिर पर आज वक़्त का ताज है।

जो सवेरा हुआ है तो अँधेरी रात भी रही होगी
सन्नाटा पसरा है तो हवा तेज भी बही होगी,
बधाइयों का कारवाँ यूँ ही नहीं चल पड़ा तेरी ओर
वक़्त की ज्यादतियां तुमने भी सही होंगी।

तुम्हारे काम ही तुम्हारी पहचान हैं
इसी बात से हमारी शान है,
बधाई हो जो तुमने ये मुकाम हासिल किया
आगे बढ़ो इसी तरह बस यहीअरमान है।

avatar

हर जगह कॉपी कर रखा है आपने। कृपया इन्हें हटा लीजिये।

delete 28 February 2021 at 20:19



sentiment_satisfied Emoticon